Katni में कार्यपालन यंत्री 20 हजार रिश्वत लेते गिरफ्तार
कटनी|मध्य प्रदेश के कटनी जिले में जल संसाधन विभाग के प्रभारी कार्यपालन यंत्री रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा गया है. जबलपुर लोकायुक्त की टीम ने मंगलवार को कार्यपालन यंत्री अहमद सिद्दीकी को अपने ही विभाग के रिटायर चौकीदार से 20 हजार रुपये घूस लेते रंगे हाथों पकड़ा है. जैसे ही अधिकारी ने रिटायर कर्मचारी से पैसे लिए, तुरंत ही लोकायुक्त की टीम ने आरोपी को धर दबोचा.
एरियस भुगतान के लिए मांगा था 50 हजार घूस
जानकारी के मुताबिक कुंवरलाल रजक जल संसाधन विभाग में चौकीदार के पद पर थे. साल 2025 में 30 सितंबर को वे रिटायर हो गए थे. उनका करीब 8 लाख रुपये एरियस का भुगतान होना था. लेकिन उसके लिए उनके विभाग का कार्यपालन यंत्री अहमद सिद्दीकी घूस मांग रहा था. एरियस के लिए आरोपी ने 50 हजार रुपये का घूस मांगा था. इसके लिए कार्यपालन यंत्री अहमद सिद्दीकी ने अपने आवास पर ही कुंवरलाल रजक को बुलाया था. जैसे ही कुंवरलाल रजक ने अधिकारी को रिश्वत दिया, लोकायुक्त की टीम ने दबिश देकर आरोपी को रंगेहाथों पकड़ लिया.बताया जा रहा है कि जल संसाधन विभाग के 9 कर्मचारियों को साल 2011-12 से एरियस की राशि का भुगतान नहीं हुआ था. जिसके बाद कर्मचारियों ने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था, जहां अदालत ने कर्मचारियों का एरियस भुगतान करने के निर्देश दिए.
मामले की हो रही है जांच
लोकायुक्त की टीम ने आरोपी कार्यपालन यंत्री अहमद सिद्दीकी को गिरफ्तार कर लिया है. आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है. लोकायुक्त टीम मामले में कई पहलुओं से जांच कर रही है. मामले में और कितने कर्मचारी और अधिकारी शामिल हैं, इसकी भी जांच की जा रही है.

राहुल गांधी का बड़ा बयान: 'कॉकरोच आंदोलन' के बाद छात्रों पर हिंसा को लेकर सरकार पर निशाना
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर शरद पवार का बड़ा दावा, बोले- 'PM से बातचीत के बाद बदला घटनाक्रम'
'फोन छूने पर बेरहमी से पीटते थे', नौकरी दिलाने के नाम पर युवकों के साथ हुआ खौफनाक खेल
जिस सरकार ने कहा- इस्तीफे नहीं होते, उसी में 12 साल में कई बड़े नेताओं ने छोड़ा पद
दमिश्क हाईवे पर मौत का सफर: बस दुर्घटना में 35 यात्रियों की दर्दनाक मौत